सैटेलाइट कम्युनिकेशन पर भेदभाव के आरोप बेबुनियाद, भारत का फ्रेमवर्क निष्पक्ष : संचार मंत्रालय
सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सर्कुलेट हो रही है, जिसमें भारत के सैटेलाइट कम्युनिकेशन सर्विसेज के रेगुलेटरी फ्रेमवर्क की निष्पक्षता पर सवाल उठाया गया है और कहा जा रहा है कि इसे भेदभावपूर्ण तरीके से लागू किया जा रहा है। इस पर भारत सरकार के संचार मंत्रालय ने स्थिति स्पष्ट की है।
भारत के क्विक कॉमर्स मार्केट का आकार वित्त वर्ष 31 तक 90 अरब डॉलर पर पहुंचने की उम्मीद
भारत का क्विक कॉमर्स मार्केट वित्त वर्ष 26 में करीब 13 अरब डॉलर से बढ़कर वित्त वर्ष 31 तक 90 अरब डॉलर तक पहुंचने की उम्मीद है। वहीं, देशभर में हर महीने लेनदेन करने वाले यूजर्स की संख्या 10 करोड़ से अधिक होने का अनुमान है। यह जानकारी बुधवार को जारी एक रिपोर्ट में दी गई।
भारत-ईएफटीए समझौता केवल टैरिफ कटौती तक सीमित नहीं, कारोबार को देगा दीर्घकालिक स्थिरता: सरकार
वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने बुधवार को भारतीय निर्यातकों और उद्योग संगठनों से भारत-यूरोपीय मुक्त व्यापार संघ (ईएफटीए) के साथ हुए ट्रेड एंड इकोनॉमिक पार्टनरशिप एग्रीमेंट (टीईपीए) का पूरा लाभ उठाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यह समझौता केवल टैरिफ में कटौती का नहीं, बल्कि व्यवसायों को दीर्घकालिक स्थिरता, पूर्वानुमेयता और निवेश आधारित विकास का मजबूत आधार प्रदान करने वाला समझौता है।
रेपो रेट को 25 आधार अंक बढ़ाना संतुलित कदम, कर्ज लेना होगा महंगा : शीर्ष बैंक अधिकारी
श्रीवास्तव ने आरबीआई द्वारा रेपो रेट को 25 आधार अंक बढ़ाकर 5.50 प्रतिशत करने के फैसले को संतुलित और पूर्व-सावधानी वाला कदम बताया। उन्होंने कहा कि केंद्रीय बैंक ने ऊर्जा कीमतों, कमजोर मानसून और अल नीनो की स्थिति से जुड़े आपूर्ति-पक्ष के दबाव के बीच बढ़ते महंगाई जोखिमों को देखते हुए यह कदम उठाया है।
पीयूष गोयल ने अमेरिकी कंपनियों को भारत में निवेश और कारोबार बढ़ाने के लिए दिया न्योता
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने न्यूयॉर्क में अमेरिका की कई प्रमुख कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात कर भारत में निवेश बढ़ाने और द्विपक्षीय व्यापारिक संबंधों को मजबूत करने के अवसरों पर चर्चा की। वाणिज्य मंत्रालय ने बुधवार को एक आधिकारिक बयान में कहा कि इन बैठकों का उद्देश्य भारत और अमेरिका के बीच आर्थिक एवं वाणिज्यिक सहयोग को नई गति देना था।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति से की मुलाकात, द्विपक्षीय आर्थिक संबंधों को मजबूत बनाने पर हुई चर्चा
भारत और स्विट्जरलैंड ने निवेश, विज्ञान, प्रौद्योगिकी, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में अपने सहयोग को और गहरा करने पर जोर दिया है। केंद्रीय वित्त एवं कॉर्पोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को नई दिल्ली में स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाय पार्मेलिन से मुलाकात की और द्विपक्षीय आर्थिक संबंधों को मजबूत बनाने के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।
RBI MPC बैठक: वित्त वर्ष 2027 के लिए 7.1 प्रतिशत जीडीपी वृद्धि का अनुमान, नीतिगत रुख सख्त
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने बुधवार को कहा कि केंद्रीय बैंक ने चालू वित्त वर्ष 2026-27 के लिए भारत की वास्तविक जीडीपी वृद्धि दर का अनुमान 7.1 प्रतिशत पर बरकरार रखा है। वैश्विक अनिश्चितताओं और बढ़ती महंगाई के जोखिमों के बावजूद आरबीआई ने भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती पर भरोसा जताया है।
महंगाई और वैश्विक चुनौतियों के बीच आरबीआई का बड़ा फैसला, रेपो रेट में की 25 बेसिस पॉइंट की बढ़ोतरी
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने बुधवार को रेपो दर में 25 आधार अंकों (बेसिस पॉइंट) की वृद्धि करने का ऐलान किया है। इसके साथ ही नीतिगत दर को 5.25 प्रतिशत से बढ़ाकर 5.50 प्रतिशत कर दिया गया है।
जीएसटी परिषद 8 अक्टूबर की बैठक में कारोबार में आसानी और ई-कॉमर्स को बढ़ावा देने पर चर्चा होने की संभावना
प्रस्तावित सुधारों का फोकस मुख्य रूप से पांच प्रमुख क्षेत्रों पर है, जिनमें प्रक्रियागत सुधार, संरचनात्मक सुधार, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस, ई-कॉमर्स और सेवा निर्यात शामिल हैं। रिफंड प्रक्रिया को अधिक तेज और पारदर्शी बनाने के लिए प्रस्ताव है कि रिफंड आवेदन की प्राप्ति की पुष्टि 10 दिनों के भीतर कर दी जाए।
तमिलनाडु में गोल्ड लोन की सीमा बढ़ी, अब 10 हजार रुपये प्रति ग्राम तक मिलेगा कर्ज
यह बदलाव राज्य सरकार द्वारा ‘थाई मामन थंगा मोथिरम थिट्टम’ योजना शुरू किए जाने के करीब एक सप्ताह बाद किया गया है। इस योजना के तहत सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों में जन्म लेने वाले नवजात बच्चों को 22 कैरेट सोने की एक ग्राम की अंगूठी दी जाती है।
कैबिनेट ने 10,000 करोड़ रुपए के एसएमई ग्रोथ फंड को दी मंजूरी, छोटे उद्योगों के लिए बढ़ेगी फंडिंग
बयान में आगे कहा गया कि यह अहम पहल विकसित भारत 2047 के विजन को साकार करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इसके तहत भारत के एंटरप्रेन्योरशिप इकोसिस्टम को मजबूत किया जाएगा, ग्रोथ-स्टेज वाली कंपनियों के लिए घरेलू कैपिटल मार्केट को और बेहतर बनाया जाएगा और ऐसी भारतीय कंपनियों की एक नई पीढ़ी तैयार की जाएगी जो ग्लोबल लेवल पर मुकाबला करने में सक्षम हों।